राशि-रत्न –
दीपविकास शर्मा / हिमाचल:. आज हम आपको कौन सा रत्न किस राशि के लिए फायदेमंद होता है और कौन सा रत्न किस राशि के जातकों को पहनना चाहिए जो आपके लिए लाभदायक रहेगा इसके विषय में बताने जा रहें है . किसी भी व्यक्ति के जीवन में रंग और तरंग का सर्वाधिक महत्व होता है. रत्न भी इन्ही रंगों और तरंगों के माध्यम से प्रभाव डालते हैं. व्यक्ति के शरीर के सात चक्र इन्ही रंगों और तरंगों को ग्रहण करते हैं. रत्नों के प्रयोग से व्यक्ति की मानसिक स्थिति में तुरंत बदलाव हो जाता है. रत्नों का असर शरीर के साथ ही मन और कार्यों पर भी पड़ता है. रत्नों का लाभ तो थोड़ी देर में होता है लेकिन गलत रत्न पहनने का नुकसान जल्दी होने लगता है. आइए जानते हैं कि कौन सा रत्न किस राशि का होता है.
ज्यादा जानकारी के लिए हमनें हिमाचल के बद्दी में स्थित प्रसिद्ध ज्योतिषाचार्य पंडित दीपविकास शर्मा से खास बातचीत की. उन्होंने ज्यादा जानकारी देते हुए बताया कि लोगों में कौन सा रत्न किस राशि के लिए शुभ माना जाता है, इसको लेकर बहुत कन्फ्यूजन होता है. कौन सा रत्न कौन सी राशि के लिए पहनना ठीक रहता है इसकी भी जानकारी उनको ठीक से नहीं मिल पाती है.
क्या है ज्योतिषाचार्य की राय?
ज्योतिषाचार्य पंडित दीपविकास शर्मा ने बताया कि मेष और वृश्चिक राशि का स्वामी मंगल है और मंगल ग्रह के लिए मूंगा रत्न पहनने की सलाह दी जाती है. मिथुन और कन्या राशि का स्वामी बुध है. कर्क राशि जिसका स्वामी चंद्रमा है और मीन राशि जिसका स्वामी गुरु है उनको मोती धारण करने से लाभ की प्राप्ति होती है. सिंह राशि जिसका स्वामी सूर्य है उनको माणिक रत्न धारण करने की सलाह दी जाती है. इससे जातक के व्यक्तित्व में निखार आता है. शनि कुंभ और मकर राशि का स्वामी है. इन जातकों को नीलम पहनने की सलाह दी जाती है. वृषभ और तुला राशि का स्वामी शुक्र है. इन राशि वाले जातकों को हीरा पहनने की सलाह दी जाती है. धनु और मीन राशि का स्वामी है गुरु, इन लोगों को पुखराज पहनना चाहिए. पुखराज पहनने से आपके मान सम्मान में वृद्धि होती है.
राशि-रत्न-gemstones-love-stone
पुखराज रत्न–राशि-रत्न/PUKHRAJ का संबंध गुरु ग्रह से होता है। मेष, वृषभ, सिंह, धनु और मीन राशि के लोगों को पुखराज पहनना चाहिए, उनके लिए यह लाभदायक होता है। जिन राशियों के लिए पुखराज शुभ होता है, वे काफी उन्नति करते हैं। वहीं, वृष, तुला, मकर और कुंभ लग्न वालों को इसे धारण करने से बचना चाहिए।
हीरा रत्न-राशि-रत्न /HEERA वृष और तुला राशि का स्वामी है। इसे शुक्र ग्रह को प्रसन्न करने के लिए पहना जाता है। हीरा पहनना आजकल फैशन के तौर पर देखा जाता है। लेकिन मेष, कर्क, वृश्चिक, सिंह और मीन लग्न वालों को हीरा नहीं पहनना चाहिए। वहीं, वृष, मिथुन, कन्या, तुला, मकर और कुंभ लग्न के लिए यह शुभ होता है।
ज्योतिष के अनुसार, पन्ना–राशि-रत्न /PANNA का संबंध बुध ग्रह से माना गया है। वृषभ, मिथुन, कन्या, तुला, मकर और कुंभ राशि वालों केलिए पन्ना धारण करना शुभ होता है। जबकि सिंह, धनु और मीन राशि वालों की कुंडली के अनुसार कुछ स्थितियों में यह रत्न पहना जा सकता है। हालांकि मेष, कर्क और वृश्चिक वालों को पन्ना गलती से भी नहीं पहनना चाहिए। विद्यार्थियों और व्यापारियों के लिए यह खासतौर पर बहुत शुभ साबित होता है
नीलम रत्न / NEELAM-राशि-रत्न को बहुत सोच-समझकर और ज्योतिष की सलाह पर ही धारण करना चाहिए, क्योंकि कई स्थितियों में इसके परिणाम उल्टे भी हो सकते हैं। जिसके कारण व्यक्ति को गरीबी का सामना करना पड़ता है। नीलम उन्हीं लोगों को यह रत्न धारण करना चाहिए, जिनकी कुंडली में शनि कमजोर स्थिति में हो। खासकर सिंह लग्न वालों को नीलम रत्न धारण नहीं करना चाहिए।
गोमेद रत्न /GOMED-राशि-रत्न को राहु का रत्न माना जाता है। यह रत्न उसी व्यक्ति को धारण करने की सलाह दी जाती है, जिनकी राशि या लग्न भाव वृषभ, मिथुन, कन्या, तुला और कुंभ में हो। इसे अधिकतर राजनीतिज्ञ, जासूसी, जुआ, सट्टा खेलने वाले तथा तंत्र या मंत्र विद्या से जुड़े व्यक्ति पहनते हैं।
माणिक्य रत्न /RUBY-राशि-रत्न का संबंध सूर्य ग्रह से माना जाता है, इसलिए सूर्य से संबंधित समस्याओं के लिए इस रत्न को धारण करना चाहिए। ज्योतिष के अनुसार, जिनकी राशि या लग्न सिंह, मेष, वृश्चिक, कर्क और धनु है, उनके लिए माणिक्य रत्न धारण करना शुभ होता है। कन्या, तुला, मकर और कुंभ राशि वाले जातकों को माणिक्य नहीं पहनना चाहिए।
मोती / MOTI चंद्रमा का रत्न–राशि-रत्नहै। इसे धारण करने से मन की समस्याओं में आराम मिलता है। लेकिन वृष, मिथुन, कन्या और मकर राशि के लोगों को बिना ज्योतिष सलाह के मोती नहीं पहनना चाहिए। हालांकि, मेष, कर्क, वृश्चिक और मीन लग्न के लिए मोती धारण करना अत्यंत लाभदायक होता है।मोती का संबंध सीधे चंद्रमा से माना जाता है। ये पवित्रता, सुंदरता, सुरक्षा और प्यार का प्रतीक माना जाता है। यदि आपके वैवाहिक जीवन में समस्या आ रही हैं या फिर पति और पत्नी को एक साथ रहने में समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है तो इस मोती को धारण करने से आपको लाभ हो सकता है। साथ ही आपके वैवाहिक जीवन की समस्याएं दूर हो सकती हैं।
वैदूर्य केतु /CAT EYE का रत्न –राशि-रत्न होता है। इसे लहसुनिया रत्न भी कहा जाता है। अगर कुंडली में केतु अनुकूल हो तभी इसे धारण करें। ज्योतिष के अनुसार, वृषभ, मकर, तुला, कुंभ और मिथुन राशि के जातकों के लिए लहसुनिया रत्न पहनना शुभ होता है।
अगर आपका कोई कार्य नहीं बन रहा है, तो Radhe Astrology के बेस्ट एस्ट्रोलॉजर से सलाह लेकर सही रत्न का चुनाव कर सकते हैं। सही रत्न धारण करने से आपके जीवन में सकारात्मक परिवर्तन हो सकते हैं और समस्याओं से निदान मिल सकता है।
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यह तमाम जानकारी जनरुचि को ध्यान में रखकर दी जा रहा है, ज्योतिष और धर्म के उपाय और सलाहों को अपनी आस्था और विश्वास पर आजमाएं। कंटेंट का उद्देश्य मात्र आपको बेहतर सलाह देना है। यह बर्थचार्ट या कुंडली के अनुसार नहीं है। यहां यह बताना जरूरी है किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ (श्रीमती ऋचा शर्मा -ज्योतिषाचार्य) से सलाह लें. पत्राचार के माध्यम से-